
धरमजयगढ़ न्यूज़ — धरमजयगढ़ वन मंडल इन दिनों काफी सुर्खियों में बना हुआ है. चाहे मामला अवैध कोयला उत्खनन हो, या जंगलों की कटाई हो या फिर अवैध निर्माण कार्यवाहियों के अभाव में हाथी प्रभावित क्षेत्रों में भी में भी काफी असर पड़ा है.
खेत बनाने के नाम पर कई एकड़ जंगल साफ, वन विभाग जानकर भी बन रहे अंजान* जंगल के अंदर हो रहा बोर खनन, बीड गार्ड को खबर होने के बाद भी नहीं किया कार्यवाही
- धरमजयगढ़ वनमंडल में कंपनी वालों को निर्माण कार्य के लिए नहीं लेना पड़ता अनुमति
- बाकारूमा रेंज में कंपनी वाले कर रहे बिना अनुमति लिए कार्य, वन विभाग को सब है पता?
धरमजयगढ़ वन मंडल में भ्रष्टाचार चरम पर देखने को मिल रहा है, भ्रष्टाचार की शिकायत करने के बाद भी न तो वन मंडलाधिकारी शिकायत पर ध्यन देते हैं और न ही इनके अधिनस्थ कर्मचारी सब अपने आप में मस्त नजर आ रहे हैं। धरमजयगढ़ वन मंडल के बोरो रेंज में ग्रामीणों द्वारा खेत बनाने के नाम पर काई एकड़ जंगल को जेसीबी मशीन से साफ कर दिया है, जेसीबी मशीन द्वारा जब जंगल साफ किया जा रहा था तब ग्रामीणों ने इसकी जानकारी बीड गार्ड को दिया गया था लेकिन बीड गार्ड द्वारा ग्रामीणों की शिकायत पर कोई कार्यवाही नहीं किया गया। बात सिर्फ जंगल साफ करने का नहीं है, उसी जंगल में 3 बोर भी खोद डाले ग्रामीणों ने और वन विभाग के किसी भी कर्मचारी-अधिकारी को खबर न लगे ऐसा हो सकता है क्या? ये सबसे बड़ा सवाल है।
बिना अनुमति के धड़ल्ले से जारी है निर्माण कार्य
बाकारुमा रेंज के अंतर्गत कंपनी के द्वारा कार्यों की गैर अनुमति को लेकर विवादों में रहने वाली कंपनियों में भी अवैध कार्य धड़ल्ले से जारी है. वन भूमि के अंदर घुसकर बिना किसी अनुमति के कार्य को अंजाम दिया जा रहा है.
इतना ही नहीं संबंधित अधिकारियों नें तो मानो आंख में पट्टी ही बांध लिया हो.ऐसा इसलिए कहा जा रहा है क्योंकि इस खबर की जानकारी जब संबंधित एसडीओ और वनपरिक्षेत्र अधिकारी बाक़रुमा से साझा की गई तो उन्होंने बताया कि उन्हें इस विषय मे कोई जानकारी ही नहीं है. अब आप समझ सकते हैं कि एक जिम्मेदार अधिकारी भी किस तरह से अपनी जवाबदारियों से पल्ला झाड़ रहे हैं. क्या इस पूरे मामले में संबंधितों पर कुछ ठोस कार्रवाई की जाएगी या फिर मामला ठंडा बस्ते में डाल दिया जाएगा आगे की संपूर्ण विस्तार पूर्वक खबरों के लिए बने रहिए हमारे साथ.
