


धरमजयगढ़। विकासखंड धरमजयगढ़ के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बाकारुमा में पढ़ाई के दौरान हुई कथित टिप्पणी को लेकर विवाद की स्थिति बन गई है। कक्षा 9वीं के एक छात्र ने विद्यालय की शिक्षिका पर उसके धर्म और धार्मिक परंपराओं को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया है, जिससे वह स्वयं को आहत महसूस कर रहा है।प्राप्त जानकारी के अनुसार कक्षा 9वीं के छात्र योगेश शर्मा ने बताया कि बीते फरवरी महीने में विद्यालय में नियमित कक्षाएं संचालित हो रही थीं। उसी दौरान हिंदी विषय की शिक्षिका सोसेन तिर्की पढ़ा रही थीं। छात्र के अनुसार कक्षा के दौरान उसके माथे पर लगे तिलक को लेकर शिक्षिका ने ब्राह्मण समाज और धार्मिक परंपराओं के संबंध में कुछ टिप्पणियां कीं, जिनसे उसे ठेस पहुंची।वहीं छात्र का कहना है कि उसने विनम्रता के साथ अपनी बात रखते हुए प्रतिक्रिया दी, लेकिन उसके अनुसार शिक्षिका ने अपनी बात को दोहराया। छात्र ने इसे अपने धर्म के प्रति अपमानजनक बताते हुए बाद में विद्यालय के प्राचार्य को लिखित आवेदन देकर शिकायत दर्ज कराई। वहीं छात्र के अनुसार जब विद्यालय स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो उसने पूरी घटना अपने परिजनों को बताई। इसके बाद उसके पिता विद्यालय पहुंचे और मामले को लेकर शिक्षिका से चर्चा की। पिता का कहना है कि शिक्षिका ने इस प्रकार की टिप्पणी करने से इंकार किया और छात्र पर ही गलतफहमी का आरोप लगाया।वहीं परिजनों का यह भी आरोप है, कि बाद में समझौते के रूप में एक सहमति पत्र तैयार कर उनसे हस्ताक्षर करवा लिए गए। वहीं छात्र के पिता ने बताया कि वे पढ़े-लिखे नहीं हैं और शारीरिक रूप से भी अस्वस्थ हैं, ऐसे में उन्हें उस कागज की पूरी जानकारी नहीं थी। उन्होंने इस मामले में निष्पक्ष जांच कर न्याय दिलाने की मांग की है।आगे छात्र ने बताया कि पूरे घटनाक्रम की जानकारी दूरभाष के माध्यम से विकासखंड शिक्षा अधिकारी धरमजयगढ़ को भी दी जा चुकी है। फिलहाल यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है, और अब सभी की नजर प्रशासनिक जांच और आगे की कार्रवाई पर टिकी हुई है।






